फौजी आया जब गाँव में(FAJGM)
फौजी जब आया गाँव में लौटकरनक्शा और कलेवर नया हो गयाघरद्वार खेत खलिहान बंट गए थेरिश्तेदारों का तेवर बदल गया […]
फौजी जब आया गाँव में लौटकरनक्शा और कलेवर नया हो गयाघरद्वार खेत खलिहान बंट गए थेरिश्तेदारों का तेवर बदल गया […]
तमाम घोड़े मुकाबले में दौड़ाए गएअंधे घोड़े ही मगर अव्वल पाए गए शहसवार गिरे सरे मैदां औंधे मुँहअक़लमंद हिनहिनाते ही
सच की राह लंबी और कांटों भरी है ऐसा कहा जाता हैइसलिए झूठ शॉर्टकट से जल्द मंज़िल पर पहुँच जाता
दिल के रिश्तों में बेशक खुलूसियत रखनाहमदम से रूठने मनाने का हुनर रखनारूठो अगर तो मान जाने की वजह रखनाआते-जाते
तुम टुनटुन जैसी मटक मटक चलती होअच्छी लगती होसोते हुए टांग जब मुझ पर रख देती होमौत सच्ची लगती हो
मैं बंदर हूँ मेरे सामने केला लटक रहा हैजितना भागता हूँ उतना दूर हट जाता हैमेरी सैलरी का केला है
गधे का जनम गधों के बीच हुआ है,होशियार नहीं—मगर sincere पूरा है। गधे को कहाँ पता वो गधों में जन्मा
फ़ौज ने फ़ौजी को हरफ़नमौला बना दिया,अनुशासन और तत्परता का पाठ पढ़ा दिया।हर परिस्थिति में बंदे को जीना सिखा दिया,सिविलियन
ज़िंदगी कोमैंने कह दिया—जा सिमरन जा,जा जी ले अपनी ज़िंदगी… ज़िंदगी….ज़िंदगी होमवर्क और किताब बन गई थी,नौकरी की पढ़ाई का
हे देअर!हे यू!हे! आई ऍम टॉकिंग तो यूओह! हेलो अंकल हाउ डू यू डूतुम छोटा मेमना तू हमारा बरबरी करता
[परिचय][अकोस्टिक गिटार का स्ट्रम, क्लीन इलेक्ट्रिक गिटार प्रमुख धुन] [पद्य 1][पुरुष आवाज में प्रवेश]खाया है धोखा टूटा है दिल बार