दिल के रिश्तों में बेशक खुलूसियत रखना
हमदम से रूठने मनाने का हुनर रखना
रूठो अगर तो मान जाने की वजह रखना
आते-जाते दुआ सलाम की जगह रखना
रफ्ता रफ्ता रिश्ते खिल उठेंगे यकीं रखना
सफ़र हँसते यूँही कट जाएंगे सही कहा न!
महबूब से दिल मिल जाएगा, ज़रा गौर करो
जब भी मिलो तो सुर्ख लबों पर हँसी रखना
तारों सा चमके रिश्ता जो है तुम दोनों का
हँसते रहो सलामत रहो खिलता रहे चेहरा
सपने सारे सच हों जाएँ जो देखे हैं तुमने
तुम्हारे माथे हो जीत और ख़ुशी का सेहरा
शिकवे शिकायतों को दिल में जगह न देना
अनबन को मीठी बातों में तुम सुलझा लेना
साथी बन गए हो दोनों तुम चलते रहो सदा
खो न जाओ हाथ हमदम का थामे रखना
ठोकर लगे कभी दूसरा बन जाना सहारा
जलने वालों से खास अपना रिश्ता बचाना
छोटी बातों में हुआ करता है प्यार छुपा
प्यार करते हो तो हर कदम पर जताना
तारों सा चमके रिश्ता जो है तुम दोनों का
हँसते रहो सलामत रहो खिलता रहे चेहरा
सपने सारे सच हों जाएँ जो देखे हैं तुमने
तुम्हारे माथे हो जीत और ख़ुशी का सेहरा
