ऐ मेरे देश की बेटी बता..(AMDKBB)

बच्चे का हाथ पकड़ता, बोरा तेरे सर रखवाता है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
बोरा नहीं, बोझ गृहस्थी का ये तुझसे उठवाता है
अपनी जिम्मेदारी देख, कैसे तेरे सर टिकाता है
रिश्ता झूठ से जोड़ कर सच को ये दफनाता है
अफ़सर जताता खुद को धोखे में सच दबाता है
खैनी तंबाकू बीड़ी देसी इसने सब ऐब छुपाए थे
शादी के बाराती इसके, धुत्त झूमते हुए आए थे
तू नाम तक नहीं लेती ये तुझे गालियाँ सुनाता है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है

ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
फरेब का ये जाल किसने तेरी हस्ती पे डाला है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
तेरा दर्द नहीं बोझ, समाज पर कालिख छापा है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
अब चुप रहना पाप नहीं, तू कह दे क्या नाता है

खर्चे के लिए रोज़, देता किल्लत की ये दुहाई है
अपने शौक मौज में देख, करी नहीं कोताही है
आवारा टोली में इसने, दुनिया अलग बसाई है
तुझको पता भी नहीं, ये बंदा तेरा हरजाई है
तलाक का ख़ौफ़ दिखा के, हाथ ये उठाता है
तेरा सच तेरा हक़ घर के फर्श में दबवाता है
एक हाँ में तेरी साँसों पर भी हक़ जताता है
तुझे सताता है ये अपना कायरपन छुपाता है
हर दफा सज़ा तुझे, खुद इलज़ाम लगाता है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है

सदियाँ बीतीं, पर ये उसूल अभी तक चलते हैं
औरत के कंधों पर ही, क्यों घर के सब कर्ज़ पलते हैं
मोबाइल तक हथियाता, फिर तुझको गुनहगार बनाता है
तू बढ़ती रह, तू लड़ती रह, उसका डर उसे ही डराता है

ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
फरेब का ये जाल किसने तेरी हस्ती पे डाला है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
तेरा दर्द नहीं बोझ, समाज पर कालिख छापा है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
अब चुप रहना पाप नहीं, तू कह दे क्या नाता है
ऐ मेरे देश की बेटी, बता इससे तेरा क्या नाता है
एक दिन खुद ही कहेगा, मेरा तुझसे क्या नाता है

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