कभी पहले न हुआ जो
अहसास कराया है तुमने
प्यार का अलग रंग
हमको दिखाया है तुमने

कितनी खामोशी से
कह देती हो दिल की बातें
चुप रहकर बोलना
हमको सिखाया है तुमने

अभी मुलाक़ात नहीं है
ख़ुदाया ये आलम है
दिल की बस्ती में घर
अपना बनाया है तुमने

तोहफा तक़दीर का हो
या फिर कोई मांगी हुई दुआ
नज़ारा खुदा के नूर का
हमको कराया है तुमने

कभी पहले न हुआ जो
अहसास कराया है तुमने
प्यार का अलग रंग
हमको दिखाया है तुमने

One Comment

  1. प्रत्येक पंक्तियां लाजवाब।👌
    कितनी खामोशी से
    कह देती हो दिल की बातें
    चुप रहकर बोलना
    हमको सिखाया है तुमने

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