बुढ़ापे तुझे मौत आये (Budhaape Tujhe Mot Aaye)
हुआ करती थी कभी जो सियाहरेशमी ज़ुल्फ़ें,लटों पे मर-मर जाया करती थींशोख हसीनाएँ। सफ़ेद बाल चंदतकिये के नीचे कल मिले।
हुआ करती थी कभी जो सियाहरेशमी ज़ुल्फ़ें,लटों पे मर-मर जाया करती थींशोख हसीनाएँ। सफ़ेद बाल चंदतकिये के नीचे कल मिले।
उसने खुद ही यूँ रिश्तों को तार तार कर लियागैरों को अपना समझा अपनों को रुसवा किया दिल के दरवाज़े
बात बात पर झल्लाती रौनक चेहरे की उड़ी हुई हैएकाकी जीवन के झंझट में वो बेचारी फसी हुई हैवर्ना मम्मी
रंग जिस में चाहोगे रंग जाऊँगाजिस ढंग सोचोगे ढल जाऊँगाआड़े आओगे तो मुड़ जाऊँगाबाँधोगे मुझे तो सड़ जाऊँगापानी हूँ रुकता
पुराने मकां की खिड़की सेहाथ हिलाता हुआ आवाज़ लगाता वो लड़का कौन है गले में बस्ता लटकाये हुएअनमना स्कूल जाता
[Verse 1 — दादी]नवासी अंग्रेजी बोलती हैदादी बस हिंदी जानती हैनवासी हिंदी नहीं समझतीदादी अंग्रेजी कहाँ जानती है [Verse 2
अपनी उम्मीद के तिनकों को न बिखरने दूंगातेरी खबर आने तक न खुद को मैं मरने दूंगा मैं मानता हूँ
बेटी बिन बाप की जैसे तैसे बड़ी हो गयीलड़की गरीब की जब इक्कीस की हो गयीउसकी शादी की मां को
अदा ओ शोखियों में कहो प्यार किसका हैमैं तो यहाँ हूँ फिर इंतज़ार किसका है बातों बातों में अगरचे हो
ऐतवार की शाम ही से मन जो दुश्वार सा लगता हैसोमवार की सुबह से जिसका इंतज़ार सा लगता हैशुक्रवार जब
वक़्त के अंधे कुए में ग़म हुए कुछ दोस्तयादों में बसा करते हैं वो बिछड़े हुए लोगक्या होगा अचानक अगर
यादों के बंद बक्से से निकली पुरानी किताब हैदस्तक पुराने यार ने दी है दिल बाग बाग हैएक उम्र गुज़र
डर के साये में पलकर सहमी सहमी बड़ी हुईउस घर से इस घर आयी मजबूरी भी साथ हुईतेरे आने की
बाजार में खड़े हो तो बच न सकोगे हुज़ूरखरीदार न बन सके बिक जाओगे ज़रूरबिकता था सामां कभी दूर शहर
माँ बाबा तुम अपने थे क्यों आज बेगाने लगते होक्यों बेटी की नज़रों में खुद को पराया करते हो बाबा
किसी की थी मगर मुझको भा गयी थी तुमसज संवर का फिर घर मेरे आ गयी थी तुम क्या बताऊँ
एक लड़की जिसका नाम है सर्मिष्ठा चौधुरीमैं जानता हूँ उसको मगर मिला नहीं हूँ कभी नाटक में किरदार थी कलाकार
पुलिसवाला है ईमानदार पुलिसवाला है ईमानदारनहीं चोरों का सरदार पुलिसवाला है ईमानदारकरता नहीं कोई भ्रष्टाचार पुलिसवाला है ईमानदारनहीं करता कोई
इसे बेच डालें हम उसे बेच डालेंकिसको भी चाहें सनम बेच डालेंविज्ञापन हैं हम न रहे कोई शकबेचने जाएँ तो