आशिक की नज़र पे
कौन सा… कौन सा
लेंस लगा देता है… देता है…देता है
जो सावन के अंधे को..
सब…
हरा ही हरा…
हरा ही हरा…
हरा ही हरा…
दिखता है
आशिक की नज़र पे कौन सा लेंस चढ़ा देता है
आशिक की नज़र पे कौन सा लेंस चढ़ा देता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता है
घरवालों को जिसमें बस कमी ही कमी दिखती है
उस अदद चेहरे में हूर-ए-ज़न्नत दिखा देता है
वो बेचारी भी सबके तानों से इतनी पक जाती है
एक चम्पू आशिक को ही अपना खुदा मानती हैआशिक की नज़र पे कौन सा लेंस चढ़ा देता है
आशिक की नज़र पे कौन सा लेंस चढ़ा देता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता हैसतरंगी इंद्रधनुष पर दोनों हमेशा सवार रहते हैं
नादानों को जाने कौन सी जड़ी बूटी सुंघा देता है
बारिश तूफां या ज़लज़ला सब रोमांटिक लगते हैं
मंत्र वशीकरण या काले जादू के साये में रहते हैं
दुनिया भागती है गर पूरब से पश्चिम की तरफ
ये दो दक्षिण की ओर मुंह फेर कर खड़े रहते हैं
हर भलामानस इनको दुश्मन ही दिखाई देता हैआशिक की नज़र पे कौन सा लेंस चढ़ा देता है
आशिक की नज़र पे कौन सा लेंस चढ़ा देता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता है
आशिक की नज़र पे कौन सा लेंस लगा देता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता हैआँख तब खुलती है जब पानी घर में घुस आता है
नशा टूटता है जब दूर तक अँधेरा नज़र आता है
वक्त का तूफां उलझनों की दलदल छोड़ जाता है
आशिक़ी का लेंस घिस कर मोतिया बन जाता है
हर तरफ राह में बस धुआं ही धुआं नजर आता है
गृहस्थी की चादर सिकुड कर पड़ जाती है छोटी
ज़रूरतों का पैर चादर से बाहिर निकल जाता है
सर के बाल गायब तेल घुटनों का दर्द पी जाता है
जवानी का पंछी पर बस फड़फड़ाता रह जाता है
प्यार का फलसफा.. हाँ ..
प्यार का फलसफा तब
ट्रेजेडी दिखा देता है
प्यार का फलसफा तब ट्रेजेडी दिखा देता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता है
आशिक की नज़र पे कौन सा लेंस लगा देता है
सावन के अँधे को जो सब हरा ही हरा दिखता है
What Lens Do Lovers Wear?
What lens do lovers wear, my friend,
that makes a fool see only green in every bend?
While parents see flaws, and friends see fear,
he sees a heaven in just one face so near.
She, tired of taunts, accepts this praise,
calls him her world in this smoky haze.They ride rainbows while storms fly by,
some herbal trance, or magic in the sky.
Rain or riot, it’s all poetic bliss,
under a spell, in a dreamlike kiss.
The world runs east, they face south,
every kind word tastes like doubt.
Everyone else seems like a threat —
what kind of love is this, just fret?But the eyes open when floodwaters rise,
when darkness stretches under love-lit skies.
The trance breaks, the curtain falls,
they’re trapped in bills and leaky walls.
That magic lens becomes a blur,
the grass ain’t green, just dry and stir.
Needs stretch beyond what blankets can hide,
romance fades, but the dishes won’t slide.That’s love, my friend — a tragic disguise,
a sweet delusion with tearful goodbyes.