एकजुट रहो (Ekjut Raho)

माँ   भारती   पुकार रही एकजुट  रहो
अलग   धर्म जात रंग संग संग रहो
तोड़े न दुश्मन हमें बच के तुम रहो
माँ   भारती   पुकारती  एकजुट  रहो

बहुत   लड़   लिए हैं बहुत    मर   लिए
भेदभाव     भूल    देश   के  लिए जियो
माँ    भारती    पुकारती    एकजुट  रहो

हिन्द की संतान हो जय हिन्द तुम कहो
मन्त्र एकता का यही संग संग कहो
फुसलाये गर कोई गैर तुम सावधान हो
माँ   भारती    पुकारती    एकजुट    रहो

अपनी अपनी बोलो कब तक कहेंगे हम
भारतीय  हो  तो भारत की तुम कहो
माँ    भारती    पुकारती    एकजुट   रहो

वीरों   की    कुर्बानियां   यूँ व्यर्थ न करो
देश  पे संकट खड़ा है अब तो सबक लो
क्या   करोगे   कल अगर अपनी हार हो
माँ     भारती   पुकारती    एकजुट   रहो

आपस में बैर नित धरने प्रदर्शन
ज़ार    ज़ार   रो रहा  माँ भारती का मन
देश ही  मुद्दा है बस इतना   जान लो
माँ     भारती     पुकारती   एकजुट रहो

गर्जना      करो    हुंकार     अब     भरो
संग    मिलके   दुश्मनों पे टूट तुम पड़ो
माँ    भारती   पुकारती    एकजुट   रहो

यह   न सोचो  देश ने हमको क्या दिया
खुद से पूछो देश को है हमने क्या दिया
माँ   की   लाज रखने वाली संतति बनो
माँ    भारती    पुकारती   एकजुट   रहो

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